नोएडा, 25 जून 2026 | रिपोर्ट: सिमरन सिंह
नोएडा में एक बड़े साइबर धोखाधड़ी नेटवर्क का पुलिस ने खुलासा किया है जो फर्जी कॉल सेंटर से जुड़ा है। सेक्टर-63 में कार्यरत इस अवैध कॉल सेंटर के माध्यम से लोगों को एयरलाइंस सेक्टर में नौकरी और प्रशिक्षण का लालच देकर ठगा जा रहा था। पुलिस ने कार्रवाई के तहत गिरोह के सरगना सहित 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच से पता चला है कि यह गिरोह तीन महीने से सक्रिय था और सैकड़ों लोगों को शिकार बना चुका था।
नोएडा फर्जी कॉल सेंटर में डार्क वेब डेटा का इस्तेमाल
पुलिस जांच के दौरान यह सामने आया कि आरोपी डार्क वेब और अन्य गैरकानूनी स्रोतों से मिले डेटा का उपयोग कर नौकरी के इच्छुक युवाओं से संपर्क करते थे। इसके बाद, उन्हें विभिन्न एयरलाइन प्रशिक्षण संस्थानों में एडमिशन और नौकरी दिलाने का आश्वासन दिया जाता था। विश्वास बनाने के लिए फर्जी कागजात और मुहरों का भी सहारा लिया जाता था।
नौकरी के नाम पर लाखों रुपये की ठगी
गिरोह ने कथित रजिस्ट्रेशन और प्रशिक्षण शुल्क के नाम पर शिकारियों से 8 हजार से 20 हजार रुपये तक वसूल किए। प्रारंभिक जांच के अनुसार, 500 से अधिक व्यक्तियों से 50 लाख रुपये से अधिक की धोखाधड़ी की गई है। राशि विभिन्न बैंक खातों में जमा की जाती थी और भुगतान मिलने के बाद उपयोग किए गए सिम कार्ड नष्ट कर दिए जाते थे।
जांच का दायरा बढ़ा
मौके से पुलिस ने मोबाइल फोन, सिम कार्ड, लैपटॉप, बैंकिंग दस्तावेज और अन्य वस्तुएं बरामद की हैं। अधिकारियों के अनुसार आरोपियों के पास कोई वैध लाइसेंस या अधिकृत समझौता नहीं मिला है। अब यह जांच हो रही है कि गिरोह को संवेदनशील डेटा देने में किन-किन लोगों ने भाग लिया। साइबर पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है और आगे की कार्रवाई की संभावना जताई गई है।
