नोएडा, 16 सितम्बर 2026 | रिपोर्ट: अपेक्षा चौधरी
नोएडा से ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान के तहत नोएडा स्कूल ऑडिट की शुरुआत की गई है। सीजेपी प्रवक्ता सौरभ दास ने मंगलवार को शहर पहुंचकर कुछ स्कूलों का दौरा किया। अभियान का उद्देश्य स्कूलों में बच्चों को मिल रही शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं की वास्तविक स्थिति को समझना है। ऑडिट के जरिए स्कूलों की जमीनी परिस्थितियों का आकलन किया जाएगा। साथ ही यह देखने की कोशिश होगी कि बच्चों के पढ़ने और सीखने के लिए स्कूलों में कैसी व्यवस्था उपलब्ध है।
नोएडा स्कूल ऑडिट में सुविधाओं का आकलन
सौरभ दास के अनुसार नोएडा को उत्तर प्रदेश के बेहतर जिलों में गिना जाता है। ऐसे में यहां के स्कूलों की स्थिति भी अच्छी होने की उम्मीद रहती है। नोएडा स्कूल ऑडिट के माध्यम से यह समझने का प्रयास किया जाएगा कि स्कूलों की वास्तविक स्थिति इन अपेक्षाओं के अनुरूप है या नहीं। शिक्षा की गुणवत्ता और बच्चों के लिए उपलब्ध सुविधाओं से जुड़े पहलुओं को भी देखा जाएगा।
नोएडा स्कूल ऑडिट में युवाओं की भागीदारी
अभियान में प्रदेश के युवाओं की भागीदारी पर भी जोर दिया गया है। सौरभ दास ने युवाओं से अपने आसपास के स्कूलों की स्थिति को समझने और ऑडिट करने की अपील की। स्थानीय स्तर पर लोगों की भागीदारी से स्कूलों से जुड़ी समस्याओं और बच्चों को मिलने वाली सुविधाओं की तस्वीर सामने आ सकती है। इससे शिक्षा व्यवस्था की जमीनी चुनौतियों की पहचान में मदद मिलने की बात कही गई है।
नोएडा स्कूल ऑडिट से सामने आएंगी चुनौतियां
अभियान के तहत नोएडा के स्कूलों का दौरा कर उनकी स्थिति का आकलन करने की योजना है। ऑडिट से मिलने वाली जानकारी के आधार पर शिक्षा व्यवस्था की जमीनी चुनौतियों को सामने लाने का प्रयास किया जाएगा। सौरभ दास के मुताबिक अभियान का उद्देश्य स्कूलों की स्थिति देखने के साथ शिक्षा सुधार में लोगों, खासकर युवाओं की भागीदारी बढ़ाना है।
