नोएडा, 11 जून 2026 | रिपोर्ट: सिमरन सिंह
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय राजनीति में नया अध्याय खोल दिया है। 26 मई 2014 को प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने वाले नरेंद्र मोदी ने 10 जून 2026 को लगातार 4,399 दिनों का कार्यकाल पूरा किया। इस क्रम में उन्होंने भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के 4,398 दिनों के निर्वाचित प्रधानमंत्री के रिकॉर्ड को तोड़ दिया।
मोदी रिकॉर्ड और लगातार जनसमर्थन
विषेशज्ञों के अनुसार, मोदी का रिकॉर्ड केवल एक व्यक्तिगत सफलता नहीं है, बल्कि यह सबसे बड़े लोकतंत्र में लगातार तीन बार मिले जनादेश का संकेत भी है। पिछले दस वर्षों में भारत ने राजनीतिक स्थिरता और नेतृत्व की निरंतरता का अनुभव किया है। विभिन्न अंतरराष्ट्रीय सर्वेक्षणों में प्रधानमंत्री मोदी को लोकप्रिय लोकतांत्रिक नेताओं में भी स्थान दिया गया है।
विकास, डिजिटल बदलाव और वैश्विक पहचान
प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल में डिजिटल सार्वजनिक ढांचे का तेज़ी से विकास हुआ, बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचा परियोजनाएँ तेजी से आगे बढ़ीं और कल्याणकारी योजनाओं की पहुंच में वृद्धि हुई। रिपोर्टों से पता चलता है कि करोड़ों लोगों को गरीबी से बाहर निकालने और सरकारी सेवाओं को डिजिटल तरीके से आम जनता तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। मोदी के रिकॉर्ड के साथ भारत की आर्थिक और वैश्विक स्थिति को भी मजबूती मिलने का उल्लेख हो रहा है।
भारत की वैश्विक भूमिका हुई मजबूत
इस दौरान भारत ने प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के साथ महत्वपूर्ण वाणिज्यिक संधियाँ कीं और विकास, प्रौद्योगिकी, जलवायु परिवर्तन तथा ग्लोबल साउथ से संबंधित मुद्दों पर अपनी मजबूत मौजूदगी दिखाई। राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि यह सफलता भारत की लोकतांत्रिक प्रणाली और नेताओं में जनता के विश्वास को भी प्रदर्शित करती है।
