नोएडा, 24 जुलाई 2026 | रिपोर्ट: सिमरन सिंह
पेपर लीक कानून को लेकर केंद्र सरकार ने महत्वपूर्ण संकेत दिए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि परीक्षा में पेपर लीक की घटनाओं को रोकने के लिए नये सख्त कानून लागू किए जाएंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस विषय पर केंद्रीय मंत्रिमंडल की एक विशेष बैठक होगी और संसद के मानसून सत्र में नया विधेयक प्रस्तुत किया जाएगा।
पेपर लीक कानून: कैबिनेट में होगी चर्चा
प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में बताया कि पेपर लीक लाखों छात्रों के भविष्य से संबंधित एक गंभीर मामला है। सरकार ने अब तक कई आरोपियों को पकड़ा है और इन मामलों की त्वरित सुनवाई के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट स्थापित करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि कैबिनेट बैठक में इस विषय पर गहन चर्चा के बाद संसद में नया कानून लाने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।
पेपर लीक कानून: फास्ट-ट्रैक कोर्ट और प्रशासनिक बदलाव
दिल्ली हाई कोर्ट ने पेपर लीक की घटनाओं की सुनवाई के लिए एक विशेष त्वरित कोर्ट का गठन किया है। साथ ही, उच्च शिक्षा विभाग में भी महत्वपूर्ण प्रशासनिक परिवर्तन हुआ है। केंद्र सरकार ने उच्च शिक्षा सचिव विनीत जोशी के स्थान पर वरिष्ठ आईएएस अधिकारी नरेश पाल गंगवार को नई जिम्मेदारी दी है। सरकार का कहना है कि छात्रों के हितों की सुरक्षा के लिए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।
