नोएडा, 24 मई 2026 | रिपोर्ट: सिमरन सिंह
उत्तर प्रदेश में बढ़ती गर्मी के बीच UP बिजली संकट को लेकर सरकार तेज़ी से सक्रिय है। लगातार बिजली की कटौती और बढ़ती शिकायतों के चलते मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं। समीक्षा बैठक में बिजली आपूर्ति की स्थिति सुधारने और लापरवाही पर कार्रवाई की आवश्यकता जताई गई।
UP बिजली संकट पर सरकार की बड़ी बैठक
यूपीपीसीएल के अध्यक्ष की अगुवाई में हुई बैठक में अधिकारियों को ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे और शहरी क्षेत्रों में 24 घंटे बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बढ़ते तापमान और बिजली की मांग को देखते हुए विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि जनता को अनावश्यक कटौती का सामना नहीं करना पड़ेगा।
UP बिजली संकट में शिकायतों पर फोकस
1912 हेल्पलाइन पर प्राप्त हो रही शिकायतों के त्वरित निपटारे के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को रात भर फील्ड में सक्रिय रहने और अचानक बढ़ने वाले लोड वाले क्षेत्रों का निरीक्षण करने के लिए कहा गया है। वहीं, ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने कहा कि कई क्षेत्रों में व्यवस्था में सुधार हुआ है और ट्रांसफार्मर के खराब होने की घटनाओं में कमी आई है।
बिजली कटौती पर बढ़ी राजनीतिक हलचल
अमेठी और अन्य जिलों में अघोषित बिजली कटौती पर लोगों की असंतोष व्यक्त किया जा रहा है। कांग्रेस सांसद किशोरी लाल शर्मा ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर बिजली व्यवस्था में तत्काल सुधार की अपील की है। तीव्र गर्मी के बीच बिजली संकट अब राजनीतिक मुद्दा भी बनता जा रहा है।
