नोएडा, 23 मई 2026 | रिपोर्ट: सिमरन सिंह
भारत में एक बार फिर पेट्रोल के मूल्य वृद्धि ने जनता में चिंता पैदा कर दी है। सरकारी तेल कंपनियों ने 10 दिनों के भीतर तीसरी बार पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ा दिए हैं। शनिवार से पेट्रोल 87 पैसे और डीजल 91 पैसे प्रति लीटर महंगा हुआ है। दिल्ली में अब पेट्रोल की कीमत 99.51 रुपये और डीजल 92.49 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गई है। CNG के दामों में भी 1 रुपये प्रति किलो की वृद्धि हुई है।
पेट्रोल कीमत बढ़ोतरी का असर
जानकारी के मुताबिक, यह वृद्धि मध्य पूर्व में जारी संकट और वैश्विक बाजार में ऊर्जा कीमतों में बढ़ोतरी के कारण हुई है। 15 मई से अब तक पेट्रोल-डीजल के दामों में करीब 5 रुपये प्रति लीटर तक का इजाफा हुआ है। मुंबई, कोलकाता और चेन्नई जैसे बड़े शहरों में भी ईंधन की कीमतों में तेजी देखी गई है।
पेट्रोल कीमत बढ़ोतरी पर सरकार का पक्ष
सरकारी सूत्रों का कहना है कि पिछले वर्षों में कई मौकों पर एक्साइज ड्यूटी घटाकर जनता को राहत देने का प्रयास किया गया था। मार्च 2026 में डीजल पर एक्साइज ड्यूटी कम करने से बड़ी राहत प्रदान की गई थी। इसी दौरान, तेल कंपनियों ने 2021 से 2024 के बीच हजारों करोड़ रुपये का नुकसान भी सहा है।
CNG और आम जनता पर असर
दिल्ली में CNG की नई दर 81.09 रुपये प्रति किलो निर्धारित की गई है। निरंतर बढ़ती ईंधन कीमतों का प्रभाव अब परिवहन, सब्जियों और दैनिक आवश्यकताओं पर भी नजर आने लगा है। पेट्रोल के मूल्य में वृद्धि से आम लोगों पर आर्थिक दबाव बढ़ने की आशंका व्यक्त की जा रही है।
