नोएडा, 22 अप्रैल 2026 | रिपोर्ट: सिमरन सिंह
पश्चिम बंगाल में मछली राजनीति अब विधानसभा चुनाव के प्रचार का एक प्रमुख राजनीतिक मुद्दा बन गई है। भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर द्वारा प्रचार के अंतिम दिन माछ-भात (मछली और चावल) का आनंद लेने का एक वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक बयानबाजी में तेजी आई है। इस घटना को लेकर आम आदमी पार्टी ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं और इसे चुनावी लाभ के लिए किया गया “नाटक” करार दिया है।
पश्चिम बंगाल मछली राजनीति पर बयानबाजी तेज
“वायरल फोटो में अनुराग ठाकुर और अन्य भाजपा नेता शोरशे माछ-भात खाने का आनंद लेते दिखे। उन्होंने स्पष्ट किया कि भाजपा शासित राज्यों में खान-पान पर कोई रोक नहीं है, और यह केवल विपक्ष का फैलाया हुआ भ्रांति है। इसके अलावा, उन्होंने तृणमूल कांग्रेस पर 15 वर्षों में विकास न करने और केवल डर बनाने का आरोप लगाया।”
AAP का पलटवार और राजनीतिक विवाद
पश्चिम बंगाल में मछली को लेकर AAP विधायक संजीव झा ने भाजपा पर दोहरी नीति का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जो लोग अन्य राज्यों में मछली-मांस की दुकानों को बंद करवा रहे हैं, वही बंगाल में चुनाव के समय अलग नजरिया अपनाते हैं। इस बयान के बाद राजनीतिक विवाद और बढ़ गया है।
चुनावी माहौल में सांस्कृतिक प्रतीक बना माछ-भात
पश्चिम बंगाल में माछ-भात अब केवल खाद्य वस्तु नहीं रह गया है, बल्कि यह राजनीतिक प्रतीक बन चुका है। टीएमसी इसे बंगाल की संस्कृति बताते हुए भाजपा पर “एंटी-बंगाली” होने का आरोप लगाती है, जबकि भाजपा इसे अपने खिलाफ फैलाए गए भय को समाप्त करने की रणनीति बताती है। चुनावी माहौल में यह मुद्दा और भी गर्म हो रहा है।
